*मुख्य प्रवक्ता डॉ. संजय शर्मा ने कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा के बयान पर जताई आपत्ति / कहा कांग्रेस की मानसिकता सिख विरोधी*
राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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*मुख्य प्रवक्ता डॉ. संजय शर्मा ने कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा के बयान पर जताई आपत्ति / कहा कांग्रेस की मानसिकता सिख विरोधी*
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चंडीगढ़ ;- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) हरियाणा ने कांग्रेस सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा पूर्व सांसद सज्जन कुमार की मृत्यु को लेकर की गई टिप्पणी पर कड़ी आपत्ति जताई है। भाजपा ने कहा कि 1984 के सिख विरोधी दंगों से जुड़े मामले में दोषसिद्ध पूर्व सांसद के प्रति इस प्रकार की संवेदनात्मक टिप्पणी सिख समुदाय और दंगा पीड़ित परिवारों की भावनाओं को गहराई से आहत कर सकती है।
भाजपा हरियाणा के मुख्य प्रवक्ता डॉ. संजय शर्मा ने हुड्डा की टिप्पणी की निंदा करते हुए हरियाणा कांग्रेस के नेताओं से स्पष्ट करने को कहा कि क्या वे अपने सांसद के इस बयान से सहमत हैं और क्या यह कांग्रेस पार्टी का आधिकारिक रुख है। डॉ. शर्मा ने कहा कि 1984 के दंगों की पीड़ा आज भी हजारों परिवारों की स्मृतियों में जीवित है। ऐसे में उन घटनाओं से जुड़े किसी व्यक्ति के प्रति सार्वजनिक रूप से संवेदना व्यक्त करते समय पीड़ित परिवारों की भावनाओं और उनके दशकों पुराने दर्द का भी ध्यान रखा जाना चाहिए।
उन्होंने कहा, “हरियाणा कांग्रेस को स्पष्ट करना होगा कि क्या वह अपने सांसद की इस टिप्पणी का समर्थन करती है? क्या 1984 के दंगा पीड़ित परिवारों की भावनाओं की कांग्रेस को कोई चिंता नहीं है? क्या कांग्रेस नेतृत्व इस बयान को उचित मानता है?”
डॉ. शर्मा ने कहा कि हुड्डा की टिप्पणी से सिख समाज की भावनाएं आहत हुई हैं और कांग्रेस नेतृत्व को इस मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि 1984 के सिख विरोधी दंगों के पीड़ित परिवार आज भी न्याय, संवेदना और सम्मान की अपेक्षा रखते हैं।
उन्होंने कांग्रेस से मांग की कि वह तत्काल और बिना शर्त 1984 के दंगा पीड़ित परिवारों तथा सिख समुदाय की भावनाओं का सम्मान करते हुए अपनी स्थिति स्पष्ट करे और यदि उनकी भावनाएं आहत हुई हैं तो सार्वजनिक रूप से खेद व्यक्त करे।
भाजपा प्रवक्ता ने सवाल किया कि क्या कांग्रेस के भीतर 1984 के दंगा पीड़ितों के प्रति संवेदना, पश्चाताप और उनके दर्द को समझने की कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन पीड़ित परिवारों के दर्द और मानवीय संवेदनाओं का सम्मान सभी राजनीतिक दलों की जिम्मेदारी होनी चाहिए।
डॉ. शर्मा ने कांग्रेस नेतृत्व से हुड्डा की टिप्पणी पर स्पष्ट एवं सार्वजनिक प्रतिक्रिया देने की मांग करते हुए कहा कि यदि पार्टी इस बयान से सहमत नहीं है तो उसे अपने सांसद के विरुद्ध संगठनात्मक स्तर पर उचित कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा, “कांग्रेस नेतृत्व इस मामले पर चुप नहीं रह सकता। हरियाणा की जनता और सिख समाज यह जानना चाहता है कि दीपेंद्र सिंह हुड्डा की टिप्पणी व्यक्तिगत है या कांग्रेस की आधिकारिक सोच का हिस्सा है।” डॉ. शर्मा ने कांग्रेस नेताओं से आग्रह किया कि वे सार्वजनिक रूप से अपनी स्थिति स्पष्ट करें और 1984 के दंगा पीड़ित परिवारों की भावनाओं का सम्मान सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में राजनीतिक असहमति हो सकती है, लेकिन पीड़ितों के दर्द,न्याय की उनकी लड़ाई और मानवीय संवेदनाओं का सम्मान सर्वोपरि होना चाहिए।

