*भाजपा प्रदेश मुखिया डॉ अर्चना क्या अपने आदेशो को लागू करवा पाएगी या सिर्फ “एक बेचारी” प्रदेश अध्यक्षा ही बन कर रह जायेगी!*
राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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*भाजपा प्रदेश मुखिया डॉ अर्चना क्या अपने आदेशो को लागू करवा पाएगी या सिर्फ “एक बेचारी” प्रदेश अध्यक्षा ही बन कर रह जायेगी!*
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चंडीगढ़ ;- हरियाणा भाजपा संगठन में प्रवीण अत्रे को प्रदेश मीडिया संपर्क प्रमुख बनाए जाने के बाद अब उसकी संगठन में औपचारिक भूमिका को लेकर सियासी चर्चा तेज हो गई है।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने लगभग 2 सप्ताह पहले अत्रे को प्रदेश मीडिया संपर्क प्रमुख नियुक्त किया था। नियुक्ति तत्काल प्रभाव से लागू किए जाने की बात लिखी गयी थी। लेकिन अत्रेय ने भाजपा संगठन को जॉइन न करके साबित कर दिया तत्काल आदेश कमजोर लोगो के लिए होता है!
*डॉ अर्चना गुप्ता के फैसले पर सवाल उठना स्वभाविक*
भाजपा जैसे कैडर बेस संगठन में हमेशा सरकार और संगठन की भूमिकाओं को लेकर स्पष्टता महत्वपूर्ण मानी जाती है। इसलिए भाजपा संगठन को कांग्रेस संगठन से बेहतर औऱ मजबूत माना जाता है। लेकिन अब शायद भाजपा संगठन कमजोर होने के कगार पर चल पड़ा है। क्योंकि भाजपा में भी कांग्रेस की तरह संगठनात्मक संक्रमण फैलना शुरू हो गया है! राजनीतिक हलकों में इसे लेकर अलग-अलग चर्चाएं हो सकती हैं, विश्वसनीय रिपोर्टों से यह निष्कर्ष निकालता है कि प्रदेशाध्यक्ष की ‘फजीहत’ करने की कोशिश जरूर हुई है। राजनीतिक विशेषज्ञों की नजर इस बात पर है कि कैडर बेस भाजपा की प्रदेशाध्यक्ष अपने जारी आदेशो को क्या लागू करवा पाएगी या “बेचारी” एक प्रदेश अध्यक्षा बन कर रह जायेगी।

