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शैलजा का भाजपा सरकार पर आरोप / दिल्ली में 300 यूनिट तक बिजली फ्री देने का वायदा करने वाली भाजपा की नायब सरकार ने बिजली दरों में वृद्धिकर जनता को दिया जोर का झटका*

राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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शैलजा का भाजपा सरकार पर आरोप / दिल्ली में 300 यूनिट तक बिजली फ्री देने का वायदा करने वाली भाजपा की नायब सरकार ने बिजली दरों में वृद्धिकर जनता को दिया जोर का झटका*
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चंडीगढ़ ;- अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव, पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सिरसा की सांसद कुमारी सैलजा ने बिजली की दरें बढ़ाने के राज्य सरकार के फैसले की निंदा करते हुए कहा कि राज्य में सत्ता में आने के बाद से भाजपा ने एक भी नई यूनिट बिजली पैदा नहीं की। हर गर्मी में जनता भीषण गर्मी का सामना करती आई है। एक ओर दिल्ली में 300 यूनिट तक फ्री बिजली देने का संकल्प पत्र में वायदा किया हुआ है तो दूसरी ओर दरें बढ़ाकर हरियाणा की जनता की जेब काटने में लगी हुई है। सरकार को बढ़ी हुई दरों को वापस लेने के साथ-साथ जनहित में ईंधन अधिभार समायोजन (एफएसए) भी समाप्त कर देना चाहिए।
मीडिया को जारी बयान में कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार ने लोगों को बिजली दरों को बढ़ाकर जोर का झटका दिया है। मंगलवार आधी रात बिजली की दरें 20 से 40 पैसे प्रति यूनिट बढ़ा दी गई। कृषि क्षेत्र के लिए बिजली प्रति यूनिट 6.48 रुपए से बढ़ा 7.35 रुपए की है। इंडस्ट्री को भी राहत नहीं, इंडस्ट्री के लिए भी बिजली दरों में इजाफा हुआ है। हाई टेंशन लाइन सप्लाई में 30 से 35 पैसे और छोटे कारखानों की एलटी सप्लाई में 10 से 15 पैसे प्रति यूनिट की बढ़ोतरी हुई है। बल्क सप्लाई की दरें 40 पैसे तक बढ़ी है। सरकार के इस फैसले से करीब 81 लाख उपभोक्ताओं पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा। कुमारी सैलजा ने कहा कि भाजपा सरकार एफएसए और नए मीटर शुल्क जैसे विभिन्न बहानों से लोगों से पैसा ऐंठ रही है। राज्य सरकार द्वारा ईंधन अधिभार समायोजन (एफएसए) में पहले ही 47 पैसे प्रति यूनिट की बढ़ोतरी की है। दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा ने अपने संकल्प पत्र में 300 यूनिट तक फ्री बिजली देने की घोषणा की थी तो फिर हरियाणा की जनता के साथ क्यों अन्याय कर रही है।
कुमारी सैलजा ने कहा कि मौजूदा सरकार ने सत्ता में तीसरी बार आने के बाद से अभी कुछ नहीं किया। राज्य की कानून व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है तथा बेरोजगारी और महंगाई अपने चरम पर है। नौकरी देने के बजाए सरकार एचकेआनएन के तहत कर्मचारियों को नौकरी से निकालने में गली हुई है, एक ओर सरकार ने कर्मचारियों को सुरक्षा गारंटी दी थी। कुमारी सैलजा ने कहा कि एक ओर जनता की कमर मंहगाई ने तोड़कर रख दी है, ऊपर से बिजली की दरें बढ़ाकर जख्मों पर नकम छिड़कने का काम किया है। सरकार को बढ़ी हुई दरों को तुरंत वापस लेना चाहिए। सरकार किसी न किसी बहाने से प्रदेश की गरीब जनता की मुश्किलें बढ़ाने में लगी हुई है। सरकार ने जनता से जो वायदा किया था उसे तो पूरा करने से रही बल्कि उसके उलट काम करने में लगी हुई है। सरकार को जनहित और महंगाई को ध्यान में रखते हुए बिजली दरों में की कई वृद्धि को तत्काल प्रभाव से वापस लेना चाहिए।

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