250 करोड़ का बैंक घोटाला में सावन ज्वेलर्स का मालिक राजन कटोदिया गिरफ्तार*
राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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250 करोड़ का बैंक घोटाला में सावन ज्वेलर्स का मालिक राजन कटोदिया गिरफ्तार*
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चंडीगढ़ ;- करीब 250 करोड़ रुपये के बहुचर्चित आईडीएफसी बैंक घोटाले की जांच कर रहे राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (विजिलेंस) ने शनिवार को एक और बड़ी कामयाबी हासिल की है। विजिलेंस ने इस मामले में संलिप्तता के आरोप में सावन ज्वेलर्स के मालिक राजन कटोदिया को गिरफ्तार कर लिया है। जांच में सामने आया है कि इस पूरे घोटाले की रकम को सोने के लेन-देन का फर्जी खेल दिखाकर नकदी (कैश) में बदला जाता था।
पुलिस प्रवक्ता के अनुसार, जांच के दौरान यह तथ्य सामने आए कि 250 करोड़ रुपये से अधिक की बड़ी राशि सावन ज्वेलर्स के बैंक खातों में विभिन्न संदिग्ध कंपनियों और फर्मों के जरिए भेजी गई। इन कंपनियों का सीधा संबंध घोटाले के अन्य मुख्य आरोपियों रिभव ऋषि, अभय कुमार, अभिषेक सिंगला और स्वाति सिंगला से बताया जा रहा है। जांच एजेंसियों के मुताबिक, इन निजी कंपनियों के खातों में पैसा सीधे तौर पर सरकारी खातों से गैर-कानूनी तरीके से ट्रांसफर किया गया था। सरकारी धन के इस गबन को छिपाने के लिए ज्वेलरी कारोबार का सहारा लिया गया। आरोपियों ने इस रकम को अलग-अलग माध्यमों से सावन ज्वेलर्स तक पहुंचाया, जहां इसे सोने की खरीद-बिक्री दिखाकर ‘व्हाइट’ करने की कोशिश की गई। राजन कटोदिया पर आरोप है कि उसने मुख्य आरोपियों के लिए कैश कन्वर्जन (नकदी में परिवर्तन) का काम किया।
प्रारंभिक पूछताछ में यह भी पता चला है कि सावन ज्वेलर्स के मालिक ने कई कंपनियों के नाम पर सोने के आभूषणों की फर्जी बिक्री दिखाई। इस कागजी हेरफेर के जरिए बैंक से आए पैसे को वैध व्यापारिक लेन-देन का रूप दिया गया और इसके बदले ज्वेलर को मोटा कमीशन मिलता था। विजिलेंस का मानना है कि कटोदिया इस पूरे षड्यंत्र में शुरुआत से ही शामिल था और उसने योजनाबद्ध तरीके से इस धोखाधड़ी को अंजाम देने में अहम भूमिका निभाई।
*मामले में अब तक 12 आरोपी काबू*
मामले में पकड़े गए आरोपियों की कुल संख्या अब 12 हो गई है। आरोपी राजन कटोदिया को रविवार को अदालत में पेश किया जाएगा, जहाँ विजिलेंस विभाग आगे की पूछताछ और नेटवर्क का पता लगाने के लिए पुलिस रिमांड की मांग करेगा। विभाग को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान कुछ और बड़े नामों और कंपनियों के खुलासे हो सकते हैं।

