“एक्शन में हरियाणा विजिलेंस / रिश्वतखोर कर्मचारियों और विभागों की सूची तैयार*
राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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“एक्शन में हरियाणा विजिलेंस / रिश्वतखोर कर्मचारियों और विभागों की सूची तैयार*
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हरियाणा के सरकारी दफ्तरों में बिना रिश्वत काम न करने की आदत वाले अधिकारियों और कर्मचारियों की संख्या 190 पहुंच गई है। इनकी सूची तैयार कर राज्य सतर्कता व भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) मुख्यालय ने सभी जिलों को स्थानीय यूनिट को भेजकर कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए हैं। एसीबी ब्यूरो प्रमुख अरशिंदर सिंह चावला ने कहा कि सूची में शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों की धरपकड़ शुरू होगी। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार एसीबी ने छह माह तक गोपनीय निगरानी, शिकायतों का विश्लेषण और खुफिया पड़ताल के बाद पूरी सूची तैयार की है। दो चरणों में तैयार सूची में 20 जुलाई को 140 और पांच अगस्त को 50 लोगों के नाम शामिल किए हैं। एसीबी की टीम ने मिलकर इन अधिकारी व कर्मचारियों की पहचान की, इनके बारे में लगातार शिकायतें मिली हैं कि ये सभी रिश्वत लिए बिना काम नहीं करते हैं।
*रेवेन्यू विभाग में सबसे अधिक शिकायतें*
एसीबी की पड़ताल में सबसे अधिक भ्रष्टाचार की शिकायतें राजस्व विभाग से सामने आई हैं। इसमें करीब 37 अधिकारी और कर्मचारी सूची में शामिल किए गए हैं। दूसरे स्थान पर पुलिस विभाग है जहां 22 पुलिस अधिकारी व कर्मचारी चिह्नित किए गए हैं। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग है जहां करीब 14 अधिकारियों और कर्मचारियों को सूची में रखा है।
*भ्रष्टाचार में लिप्त विभाग*
राजस्व विभाग, पुलिस विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शहरी स्थानीय निकाय, खाद्य व उपभोक्ता मामले विभाग, बिजली विभाग, आबकारी व कराधान विभाग, परिवहन विभाग, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण, पंचायती राज, श्रम विभाग, खजाना-लेखा, शिक्षा विभाग, वन, खाद्य निगम, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, सिंचाई और न्यायिक विभाग भी शामिल हैं।

