*मंत्री राव नरबीर के बयान से हजारों कर्मचारियों में रोष / दमकल कर्मचारियों ने अपमानजनक टिप्पणी करने पर की कड़ी निंदा करते हुए फूंका मंत्री का पुतला!*
*राणा ओबराय*
*राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,*
,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,
*मंत्री राव नरबीर के बयान से हजारों कर्मचारियों में रोष / दमकल कर्मचारियों ने अपमानजनक टिप्पणी करने पर की कड़ी निंदा करते हुए फूंका मंत्री का पुतला!*
,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,
करनाल में अग्निशमन कर्मचारियों पर दिए गए एक बयान के विरोध में शनिवार को माहौल गर्म हो गया। सर्व कर्मचारी संघ और अग्निशमन कर्मचारियों ने कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह के खिलाफ रोष जताते हुए शहर में पुतला फूंका और जमकर नारेबाजी की।
हरियाणा सरकार के उद्योग मंत्री राव नरबीर द्वारा “ऑफिस में सारा दिन ताश खेलते हैं दमकल कर्मचारी, जरूरत पड़ने पर फायर ब्रिगेड का टायर पेंचर हो जाता है” जैसी गैर-जिम्मेदाराना, अपमानजनक और तथ्यों से परे टिप्पणी की जिसकी सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा व अग्निशमन विभाग कर्मचारी यूनियन कड़े शब्दों में निंदा करती है। उक्त बयान जारी करते हुए नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा शाखा हरियाणा अग्निशमन विभाग कर्मचारी यूनियन के राज्य प्रधान राजेंद्र सिंह व महासचिव गुलशन भारद्वाज ने बताया की
मंत्री का यह बयान न केवल दमकल कर्मचारियों के मनोबल को तोड़ने वाला है, बल्कि 24 घंटे जनता की जान–माल की सुरक्षा में लगे फायर कर्मियों के त्याग, मेहनत और जोखिम भरे कार्यों का खुला अपमान है। दमकल कर्मचारी आग, दुर्घटना, औद्योगिक हादसों व आपदाओं में अपनी जान जोखिम में डालकर सेवा देते हैं। ऐसे में उन्हें “ताश खेलने वाला” कहना पूरी तरह असत्य और दुर्भावनापूर्ण है।
वास्तविकता यह है कि प्रदेश के अधिकांश फायर स्टेशनों में कर्मचारियों की भारी कमी, पुराने व जर्जर वाहन, उपकरणों का अभाव और वर्षों से लंबित मांगों के बावजूद दमकल कर्मी सीमित संसाधनों में भी अपनी जिम्मेदारी पूरी निष्ठा से निभा रहे हैं। यदि कहीं संसाधन या वाहन खराब हैं तो इसकी जिम्मेदारी कर्मचारियों की नहीं, बल्कि सरकार और विभागीय प्रबंधन की है।
मंत्री द्वारा इस तरह के बयान देकर अपनी नाकामी छुपाने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार दमकल विभाग की समस्याओं को हल करने के बजाय कर्मचारियों को बदनाम कर रही है, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
संगठन मांग करता है कि मंत्री राव नरबीर अपने बयान पर सार्वजनिक रूप से माफी मांगें।

