*पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल केस की सुनवाई करेंगे दूसरे जज / जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने खुद को कर लिया था अलग*
राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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*पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल केस की सुनवाई करेंगे दूसरे जज / जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने खुद को कर लिया था अलग*
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नई दिल्ली :- राष्ट्रीय राजधानी की दिल्ली हाई कोर्ट में गर्मी की छुट्टियों के बाद एक जुलाई से लागू होने वाले नए रोस्टर के तहत महत्वपूर्ण प्रशासनिक बदलाव किया गया है। अब सांसदों और विधायकों से जुड़े आपराधिक मामलों की सुनवाई जस्टिस मनोज जैन करेंगे। अब तक यह रोस्टर संभाल रहीं जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को सिविल रिट याचिकाओं की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
*एक जुलाई से बदल जाएगा हाई कोर्ट का रोस्टर*
यह बदलाव ऐसे समय में हुआ है जब जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा हाल के महीनों में दिल्ली की आबकारी नीति मामले और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से जुड़े मामलों की सुनवाई को लेकर चर्चा में रही है। हालांकि, हाई कोर्ट में रोस्टर का पुनर्गठन नियमित प्रक्रिया है, लेकिन इसका समय हालिया घटनाक्रम के कारण विशेष ध्यान आकर्षित कर रहा है। विवाद तब शुरू हुआ था जब अरविंद केजरीवाल और अन्य पक्षकारों ने आबकारी नीति मामले में जस्टिस शर्मा की अदालत की कार्यवाही का बहिष्कार किया। इसके बाद अदालत ने उनके और अन्य संबंधित पक्षों के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही शुरू की।
*जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा पहले कर रही थी सुनवाई*
बता दें कि इससे पहले इस मामले की सुनवाई जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा कर रही थीं। आम आदमी पार्टी ने उन पर पक्षपात का आरोप लगाया था। इसके बाद मई में जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने केजरीवाल और अन्य नेताओं के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित अपमानजनक पोस्ट के लिए आपराधिक अवमानना का मामला शुरू किया और खुद को मुख्य केस से अलग कर लिया था।
*अरविंद केजरीवाल ने चिट्ठी लिखकर पेश होने से कर दिया था इनकार*
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली हाई कोर्ट की जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को चिट्ठी लिखकर आबकारी नीति मामले में उनके सामने पेश होने से इनकार कर दिया था।

