हरियाणा शिक्षा निदेशक ने आपत्तियां खारिज करते हुए कहा / टीचर ट्रांसफर पॉलिसी में नहीं होगा कोई बदलाव /स्थानांतरण नौकरी का सामान्य हिस्सा*
राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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हरियाणा शिक्षा निदेशक ने आपत्तियां खारिज करते हुए कहा / टीचर ट्रांसफर पॉलिसी में नहीं होगा कोई बदलाव /स्थानांतरण नौकरी का सामान्य हिस्सा*
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चंडीगढ़ ;- हरियाणा में शिक्षकों के लिए बनाई गई नई स्थानांतरण नीति में फिलहाल कोई बदलाव नहीं होगा। न ही प्राथमिक शिक्षकों के सेवा अनुभव को टीजीटी-पीजीटी के ट्रांसफर मेरिट अंकों में जोड़ा जाएगा। विभिन्न बिंदुओं पर उठाई गई आपत्तियों को माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने खारिज कर दिया है। साथ ही स्पष्ट किया कि स्थानांतरण नौकरी का सामान्य हिस्सा है। कोई भी कर्मचारी अपनी पसंद की पोस्टिंग का दावा कानूनी आधार के रूप में नहीं कर सकता। सुधीर गहलावत और 176 अन्य शिक्षकों ने 25 जून को जारी नई शिक्षक स्थानांतरण नीति के खिलाफ पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में याचिकाएं दायर की थी। उनकी शिकायत थी कि निचले काडर तथा प्राथमिक शिक्षकों के सेवा अनुभव को प्रमोटेड काडर (टीजीटी और पीजीटी) के ट्रांसफर मेरिट अंकों में नहीं जोड़ा जा रहा है। याचिकाओं की सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट ने विगत दो सितंबर को राज्य सरकार को निर्देश दिया था कि शिक्षकों द्वारा दिए जाने वाले प्रत्यावेदन पर दो सप्ताह के भीतर विचार करके कारण सहित उचित आदेश पारित किया जाए। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार माध्यमिक शिक्षा निदेशक द्वारा जारी निर्देश में कहा गया है कि हाई कोर्ट के आदेश के बाद ही नई पालिसी बनाई गई है। पुरानी नीति में उम्र के लिए 50 अंक थे, जबकि नई नीति में उम्र (30 अंक), काडर अनुभव (30 अंक), और विशेष परिस्थितियों (60 अंक) का प्रविधान किया गया है। विशेष परिस्थितियों के अंक गंभीर बीमारी, विकलांगता, महिला कर्मचारियों और दंपती मामलों जैसे मानवीय आधार पर तय किए गए हैं।

