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पंजाब कांग्रेस प्रधान राजा वडिंग की आप पार्टी को नसीहत / कहा राज्यसभा सांसद की तरह कहीं 50 विधायक भी न छोड़ दें भगवंत सरकार का साथ*

राणा ओबराय
राष्ट्रीय खोज/भारतीय न्यूज,
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पंजाब कांग्रेस प्रधान राजा वडिंग की आप पार्टी को नसीहत / कहा राज्यसभा सांसद की तरह कहीं 50 विधायक भी न छोड़ दें भगवंत सरकार का साथ*
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अमृतसर/ चंडीगढ़ ;- राघव चड्ढा और आम आदमी पार्टी के छह अन्य सांसदों के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने पर पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग की प्रतिक्रया आई है। उन्होंने कहा “मैं कहना चाहता हूं कि आम आदमी पार्टी को सतर्क रहना चाहिए। ऐसा नहीं होना चाहिए कि एक दिन आपके 50 विधायक भी पाला बदल लें। ये सांसद संसद पहुंचने के बाद पार्टी बदल रहे हैं, जब पार्टी बिना किसी स्पष्ट मापदंड के इस तरह से निर्णय लेती है तो ऐसी संभावना हमेशा बनी रहती है।
राजा वड़िंग ने कहा कि जब उन्हें राज्यसभा के लिए मनोनीत किया गया था, तब भी ऐसा होने की आशंका थी। जब कोई मजबूत विचारधारा नहीं होती, और लोगों को धन, व्यावसायिक पृष्ठभूमि या प्रभाव के आधार पर चुना जाता है, और फिर उनसे विभिन्न तरीकों से समर्थन मांगा जाता है, तो ऐसी स्थितियां उत्पन्न होना तय है। मुझे चिंता है कि इसी तरह विधायक भी पार्टी छोड़ सकते हैं। कुछ डर के मारे ऐसा कर सकते हैं, तो कुछ पार्टी से असंतुष्टि के कारण। सच्चाई यह है कि उनमें से कई तो शुरू से ही किसी विचारधारा से जुड़े नहीं थे।
*आम आदमी पार्टी के सात सांसदों ने छोड़ी पार्टी / राघव चड्ढा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में की घोषणा*
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राघव चड्ढा और आम आदमी पार्टी के छह अन्य सांसदों के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने पर पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग की प्रतिक्रया आई है। उन्होंने कहा “मैं कहना चाहता हूं कि आम आदमी पार्टी को सतर्क रहना चाहिए। ऐसा नहीं होना चाहिए कि एक दिन आपके 50 विधायक भी पाला बदल लें। ये सांसद संसद पहुंचने के बाद पार्टी बदल रहे हैं, जब पार्टी बिना किसी स्पष्ट मापदंड के इस तरह से निर्णय लेती है तो ऐसी संभावना हमेशा बनी रहती है।” राजा वड़िंग ने कहा कि जब उन्हें राज्यसभा के लिए मनोनीत किया गया था, तब भी ऐसा होने की आशंका थी। जब कोई मजबूत विचारधारा नहीं होती, और लोगों को धन, व्यावसायिक पृष्ठभूमि या प्रभाव के आधार पर चुना जाता है, और फिर उनसे विभिन्न तरीकों से समर्थन मांगा जाता है, तो ऐसी स्थितियां उत्पन्न होना तय है। मुझे चिंता है कि इसी तरह विधायक भी पार्टी छोड़ सकते हैं। कुछ डर के मारे ऐसा कर सकते हैं, तो कुछ पार्टी से असंतुष्टि के कारण। सच्चाई यह है कि उनमें से कई तो शुरू से ही किसी विचारधारा से जुड़े नहीं थे।
*शिअद की आई प्रतिक्रिया*
वहीं, शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने कहा, ‘यह आप के अंत की शुरुआत है। कुछ समय बाद, लोग खुद इस पार्टी का राजनीतिक रूप से अंतिम संस्कार करेंगे।’ मजीठिया ने कहा कि अब सच्चाई सामने आ रही है। बार-बार कहा गया है कि आम आदमी पार्टी उन सिद्धांतों से भटक गई है जिन पर इसकी स्थापना हुई थी। यह सिर्फ मेरा विचार नहीं है, योगेंद्र यादव, प्रशांत भूषण और कुमार विश्वास जैसे नेताओं ने भी यही कहा है, लेकिन किसी ने नहीं सुना। आज वह सच्चाई स्पष्ट है।
गौरतलब कि शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में राघव चड्ढा ने आम आदमी पार्टी से इस्तीफा देने का एलान किया। राघव चड्ढा ने आप के दो तिहाई सांसदों के साथ बीजेपी में शामिल होने कr घोषणा की। इस क्रम में आम आदमी पार्टी के सात राज्यसभा सांसद बीजेपी ज्वाइन करेंगे।
*आप पार्टी छोड़ने वाले सांसद*
राघव चड्ढा
संदीप पाठक
अशोक मित्तल
हरभजन सिंह
स्वाति मालीवाल
राजेंद्र गुप्ता
विक्रमजीत साहनी

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